1- फॉस्फोरस का समृद्ध और आसानी से उपलब्ध रूप, जिससे पौधा जल्दी ले पाता है।
2- जड़ों का मजबूत विकास और फसल की अच्छी शुरुआती बढ़वार।
3- पोषक तत्वों के अवशोषण की क्षमता बढ़ती है।
4- सब्जियों में जल्दी और एकसमान फूल आते हैं।
5- फूलों का गिरना कम होता है और मजबूती बढ़ता है।
6- फल बनने की प्रक्रिया बेहतर होती है।
मात्रा
पत्तियों पर छिड़काव: 3–5 मिलीलीटर प्रति लीटर पानी।
ड्रिप सिंचाई/मिट्टी में छिड़काव: 1 लीटर प्रति एकड़।
पुनरावृत्ति आवश्यकता
1- जड़ों के विकास का प्रारंभिक चरण।
2- सब्जियों में: फूल आने से पहले।
3- 10-15 दिनों के अंतराल पर 2-3 बार प्रयोग करें।