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60 लाख किसानों का एग्रोस्टार पर भरोसा
कैसे इस्तेमाल करे
मुख्य बिंदु:
घटक / संघटक
क्विज़ालोफ़ॉप एथिल 3% + फोमेसाफेन 12% एससी
अतिरिक्त जानकारी
क्विज़ालोफॉप एक सिस्टमिक, पोस्ट-इमर्जेंस खरपतवारनाशी है, जो मुख्य रूप से घास जैसे खरपतवारों को नियंत्रित करता है। यह पौधे के अंदर जाकर वसा (फैटी एसिड) बनने की प्रक्रिया को रोक देता है, जिससे कोशिकाएँ कमजोर होकर नष्ट हो जाती हैं और खरपतवार की बढ़वार रुक जाती है, अंततः वह सूखकर खत्म हो जाता है। सोयाबीन फसल में यह एक भरोसेमंद और प्रभावी ग्रैमिनीसाइड के रूप में जाना जाता है। वहीं, फोमेसाफेन एक पीपीओ इनहिबिटर वर्ग का खरपतवारनाशी है, जो चौड़ी पत्ती वाले खरपतवारों पर तेज़ी से असर करता है। यह पौधे में प्रकाश संश्लेषण की प्रक्रिया को प्रभावित करता है, जिससे कोशिकाओं को गंभीर नुकसान होता है और खरपतवार कुछ ही घंटों या दिनों में नष्ट होने लगता है। यह बेहतर तरीके से पौधे में फैलता है और विभिन्न प्रकार के चौड़ी पत्ती वाले खरपतवारों पर व्यापक नियंत्रण प्रदान करता है।
लाभ
1. फोमेक्सा खरपतवारों पर व्यापक नियंत्रण प्रदान करता है।
2. यह तेज़ी से काम करता है, जिससे परिणाम भी जल्दी मिलते हैं।
3. यह फसल के लिए सुरक्षित है; इससे फसल को कोई नुकसान या झटका नहीं पहुँचता।
खरपतवारों की 2-4 पत्ती अवस्था में।
1) 1 एकड़ में 150 लीटर पानी के साथ बताई गई डोज़ का इस्तेमाल करें।
2) दवा का छिड़काव सीधे खरपतवार की पत्तियों पर करें।
4) देर से इस्तेमाल करने से खरपतवार पर थोड़ा कंट्रोल हो सकता है- इसलिए बताई गई स्टेज पर ही इस्तेमाल करें।
5) छिड़काव के लिए केवल कट नोज़ल या फ्लैट फैन नोज़ल का ही इस्तेमाल करें।
विशेष टिप्पणी
यहां दी गई जानकारी केवल संदर्भ के लिए है। उत्पाद के संपूर्ण विवरण और उपयोग संबंधी निर्देशों के लिए हमेशा उत्पाद लेबल और साथ में दिए गए पत्रक देखें।