क्षमाा करें, यह लेख आपके द्वारा चुनी हुई भाषा में नहीं है।
Agri Shop will be soon available in your state.
पशुपालनकृषि जागरण
अरे वाह: पशुओं के लिए पशु आधार कार्ड!
किसान भाइयों पशु आधार कार्ड से हमें जानवरों के बारे में सभी जानकारियां आसानी से हासिल हो सकेंगी। पशुओं को खरीदना और बेचना आसान हो जाएगा। दरअसल, पशुओं की टैगिंग ही उनका पशु आधार कार्ड है। अब देशभर की हर गाय व भैंस के लिए यूनीक आइडेंटिफिकेशन नंबर जारी होगा। नतीजतन पशुपालक घर बैठे अपने पशुओं के बारे में सॉफ्टवेयर के जरिए जानकारी ले सकेंगे। इसके अलावा टीकाकरण, नस्ल सुधार कार्यक्रम, चिकित्सा सहायता सहित अन्य काम भी आसानी से हो पाएंगे. गौरतलब है कि भारत में पशुधन की जानकारी से संबंधित एक विशाल डेटाबेस तैयार किया जा रहा है। सरकार की कोशिश है कि पशुधन के जरिए किसानों की आमदनी डबल की जाए। केंद्रीय पशुपालन विभाग के अनुसार अगले डेढ़ साल में लगभग 50 करोड़ से अधिक मवेशियों को उनके मालिक, उनकी नस्ल एवं उत्पादकता का पता लगाने के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म पर यूनिक आईडी दी जाएगी। इसके लिए मवेशियों के कान में 8 ग्राम के वजन वाला पीला टैग लगाया जाएगा। इसी टैग पर 12 अंकों का आधार नंबर चस्पा होगा। सबसे पहले 30 करोड़ गाय-भैंसों की होगी टैगिंग मीडिया में आई खबरों के मुताबिक, पशुपालन एवं डेयरी राज्य मंत्री संजीव बालयान ने बताया है कि अभी करीब 4 करोड़ गाय, भैंसों का आधार कार्ड बनाया गया है जबकि देश में 30 करोड़ से अधिक गाय, भैंस हैं। अभियान चलाकर इनकी टैगिंग की जाएगी। इसके बाद भेंड, बकरियों आदि के आधार भी बनेंगे। इस कार्ड में यूनीक नंबर, मालिक के विवरण और पशु के टीकाकरण और ब्रीडिंग की जानकारियां शामिल होंगी।
स्रोत:- कृषि जागरण, प्रिय किसान भाइयों दी गई जानकारी यदि आपको उपयोगी लगी, तो इसे लाइक करें और अपने अन्य किसान मित्रों के साथ जरूर शेयर करें!
19
4
संबंधित लेख