एग्री डॉक्टर सलाहमध्य प्रदेश कृषि विभाग
धनिया में स्टेमगाल रोग की रोकथाम के उपाय!
👉🏻किसान भाइयों यह रोग प्रोटामाइसेस मेक्रोस्पोरस कवक के द्वारा फैलता है । रोग के कारण फसल को अत्यधिक क्षति होती है । पौधो के तनों पर सूजन हो जाती है । तनों, फूल वाली टहनियों एवं अन्य भागों पर गांठें बन जाती है । बीजों में भी विकृतिया आ जाती है इस रोग का प्रबंधन के निम्न उपाय है । 👉🏻ग्रीष्मकालीन गहरी जुताई करें एवं उचित फसल चक्र अपनाएं । 👉🏻बीज की बुवाई नवम्बर के प्रथम से द्वितीय सप्ताह में करें । 👉🏻बुवाई के पूर्व बीजों को कार्बेन्डाजिम 50 डब्ल्यू पी 3 ग्रा./कि.ग्रा. या ट्रायकोडरमा विरडी 5 ग्रा./कि. ग्रा.बीज की दर से उपचारित कर बुवाई करें । 👉🏻रोग के लक्षण दिखाई देने पर स्टेªप्टोमाइसिन 0.04 प्रतिशत (0.4 ग्रा./ली.) का 20 दिन के अंतराल पर छिड़काव करें। 👉🏻उत्पाद की खरीदारी के लिए ट्राली बैग पर ulink://android.agrostar.in/productlist?sku_list=AGS-CP-573,AGS-CP-191&pageName= क्लिक करें। 👉🏻 खेती तथा खेती सम्बंधित अन्य महत्वपूर्ण जानकारियों के लिए कृषि ज्ञान को फॉलो करें। फॉलो करने के लिए अभी क्लिक ulink://android.agrostar.in/publicProfile?userId=558020 करें।
स्रोत:- कृषि विभाग मध्य प्रदेश, प्रिय किसान भाइयों दी गई जानकारी उपयोगी लगी, तो इसे लाइक👍करें एवं अपने अन्य किसान मित्रों के साथ शेयर करें धन्यवाद!
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