कृषि वार्ताकृषि जागरण
बाजार में मौजूद असली और नकली यूरिया, डी.ए.पी. को पहचानें
बाजार में असली और नकली दोनों उर्वरक बेचे जा रहा है। नकली उर्वरक का खेत में छिड़काव करने पर कोई फायदा नहीं होता और किसान के पैसे बर्बाद होते हैं। हम आज आपको असली और नकली उर्वरक की पहचान के कुछ उपायों के बारे में बता रहे हैं।
डी.ए.पी. डी.ए.पी. के दानों को हाथ में लेकर उसमें चूना मिलाकर मलने पर यदि उसमें से तेज गंध निकले जिसे सूंघने में दिक्कत हो तो जान लें डी.ए.पी. असली है। दूसरा, डी.ए.पी. के कुछ दाने धीमी आंच पर तवे पर गर्म करें यदि ये दाने फूल जाते है तो समझ लें यह असली डी.ए.पी. है। तीसरा, असली डी.ए.पी. के कठोर दाने भूरे काले और बादामी रंग के होते है और ये नाखून से आसानी से नहीं टूटते। यूरिया असली यूरिया के दाने सफेद चमकदार और लगभग समान आकार के होते हैं। कड़े दाने पानी में पूरी तरह घुल जाते हैं और इस घोल को छूने पर ठंडा महसूस होता है। यूरिया को तवे पर गर्म करने से इसके दाने पिघल जाते है, तेज आंच पर इसका कोई अवशेष न बचे तो समझें यही असली यूरिया है। स्रोत – कृषि जागरण, 10 अप्रैल 2019 यदि आपको यह जानकारी उपयोगी लगे, तो फोटो के नीचे दिए पीले अंगूठे के निशान पर क्लिक करें और नीचे दिए विकल्पों के माध्यम से अपने सभी किसान मित्रों के साथ साझा करें।
146
0
संबंधित लेख