कृषि वार्ताआउटलुक एग्रीकल्चर
देशभर के किसान 16 मई को मनाएंगे सम्मान दिवस, लॉकडाउन के समय भी डटे रहे खेत में!
कोरोना वायरस की रोकथाम के लिए देशभर में किए गए लॉकडाउन की सबसे ज्यादा मार देश के किसानों पर पड़ रही है। लॉकडाउन की वजह से किसानों को फल एवं सब्जियों के साथ ही दूध और अन्य फ़सलों गेहूं, चना, सरसों आदि उलटे- सीधे दामों पर बेचनी पड़ रही है। इतना सब होने के बाद भी देश का किसान महामारी से निपटने के लिए अग्रिम मोर्चे पर खड़ा होकर खाद्यान्न की आपूर्ति करने के साथ ही भंडार को भरने में लगा रहा, इसलिए देशभर के 250 से ज्यादा किसान संगठनों का प्रतिनिधित्व करने वाले अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति (एआईकेएससीसी) ने 16 मई को किसान सम्मान दिवस मनाने का फैसला किया है।_x000D_ _x000D_ एआईकेएससीसी के संयोजक वीएम सिंह ने आउटलुक को बताया कि 16 मई 2020 को सुबह 9 बजे किसान सम्मान दिवस मनाया जायेगा। इस दौरान सामाजिक दूरी का ध्यान रखते हुए किसान अपने घर की छत, आंगन या फिर अपने खेत आदि पर खड़े होकर राष्ट्र ध्वज, संगठन का झंडा या फिर कोई भी कृषि यंत्र 5 से 10 मिनट तक दिखाते हुए एक दूसरे के सम्मान में हौसला अफजाई करते हुए गर्व से कहेंगे - मैं किसान हूं। उन्होंने कहा कि आज देश का युवा किसान अपने हक की आवाज़ उठा रहा हैं।_x000D_ _x000D_ लॉकडाउन में भी किसान देश का पेट भरने के लिए अन्न पैदा कर रहा है, ताकि कोई भूखा नहीं रहे_x000D_ वीएम सिंह ने कहा कि कोरोना जैसी महामारी के समय में भी किसान देश का पेट भरने के लिए अन्न पैदा कर रहा है, ताकि कोई भूखा नहीं रहे। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन के साथ ही बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से भी देश का किसान लड़ रहा है। किसानों को सब्जियां टमाटर, प्याज आदि औने-पौने दाम पर बेचनी पड़ रही है, जबकि आम और केले की फसल को बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से भारी नुकसान हुआ है। _x000D_ स्रोत:- आउटलुक एग्रीकल्चर, 13 मई 2020 _x000D_ आपको यह जानकारी अच्छी लगे तो, इसे लाइक करें और अपने सभी किसान मित्रों के साथ शेयर करें।_x000D_ _x000D_ _x000D_
406
0
संबंधित लेख