AgroStar Krishi Gyaan
Pune, Maharashtra
27 Jul 19, 01:00 PM
कृषि वार्ताआउटलुक एग्रीकल्चर
दूध मिलावट की जांच के लिए प्रौद्योगिकी की जरुरत: गिरिराज सिंह
दूध की गुणवत्ता पर चिंता व्यक्त करते हुए मत्स्य, पशुपालन और डेयरी मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि दूध और अन्य डेयरी उत्पादों में मिलावट को रोकने के लिए सजा सहित कड़े प्रावधान की जरूरत है। सरकार डेयरी उद्योग के लिए लागू वर्तमान गुणवत्ता मानकों की समीक्षा करेगी। साथ ही उन्होंने कहा कि दूध के आयात की अनुमति देने का कोई प्रस्ताव नहीं है। भारत दूध उत्पादन में नंबर एक है। दूध उत्पादन का अनुमान 187.86 मिलियन टन है। उन्होंने कहा कि पिछले पांच वर्षों में दुग्ध उत्पादन में 50 मिलियन टन की वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि डेयरी उद्योग को दूध की गुणवत्ता पर ध्यान देने की जरूरत है और दूध संग्रह से प्रसंस्करण तक हर स्तर पर मिलावट की जांच करने के लिए प्रौद्योगिकियों के उपयोग की जरुरत है। पशुपालन मंत्री ने दूध में मिलावट पर चिंता जताते हुए कहा कि इससे निपटने के लिए 18 राज्यों में केंद्रीय दूध परीक्षण प्रयोगशाला की स्थापना की जाएगी तथा 313 डेयरियों में दूध जांच उपकरण लगाए जायेंगे। उन्होंने कहा कि देश में मुंह पक खुर पक रोग के उन्मूलन के लिए व्यापक अभियान शुरु किया जाएगा। स्रोत – आउटलुक एग्रीकल्चर, 24 जुलाई 2019
यदि आपको यह जानकारी उपयोगी लगे, तो फोटो के नीचे दिए पीले अंगूठे के निशान पर क्लिक करें और नीचे दिए विकल्पों के माध्यम से अपने सभी किसान मित्रों के साथ साझा करें।
32
0